सजनवा बैरी हो गये हमार

 

सजनवा बैरी हो गये हमार (२)
चिठिया हो तो हर कोई बाँचे
भाग ना बाँचे कोय
करमवा बैरी हो गये हमार

जाए बसे परदेस बलमवा सौतन के भरमाए
ना सन्देस ना कोई खबरिया, रुत आए रुत जाए
ना कोई इस पार हमारा - २
ना कोई उस पार
सजनवा बैरी हो गये हमार

सूनी सेज गोद मोरी सूनी मर्म ना जाने कोय
छटपट तड़पे एक बिचारी ममता आँसू रोए
डूब गए हम बीच भँवर में - २
सरके सोलह साल
करमवा बैरी हो गये हमार

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Brijesh

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